मेट्रो और ट्रेन में क्या अंतर है? किसका किराया ज्यादा है?

जय हिंद दोस्तों कैसे हैं आप लोग hindimetalk.com पर आपका स्वागत है आज के इस लेख में हम लोग जानेंगे कि मेट्रो और लोकल ट्रेन में क्या अंतर होता है। या मेट्रो और साधारण ट्रेन में क्या अंतर होता है। इसके पहले वाली आर्टिकल में हम लोगों ने जाना था कि एक ट्रेन में कितने डिब्बे होते है। यदि अभी तक आपने इस लेख को नहीं पढ़ा है तो इसके बाद उसे जरूर पढ़ें!

आप लोगों ने ट्रेन तो देखा ही होगा और उसमें सफर भी किया होगा लेकिन बहुत कम ही लोग होंगे जिन्होंने मेट्रो में सफर किया होगा, इसलिए आज हम आपको बताएंगे कि मेट्रो साधारण ट्रेन से किस प्रकार भिन्न है और उस इन दोनों में क्या समानता है और क्या अंतर होता है। आइए देखते हैं..

METRO क्या है। What is metro in hindi.

METRO का पूरा नाम metropolitan होता है इसी को आप metro का फुल फॉर्म भी कह सकते हैं। जिसका मतलब होता है महानगर यानी बड़ा शहर। यह ट्रेन का ही एक विकसित रूप है इसे स्पेशली शहरों में चलाने के लिए बनाया गया है। यह दिखाने अच्छी लगती हैं । 

मेट्रो और ट्रेन में क्या अंतर है। Difference between metro and train.

मेट्रो और ट्रेन में बहुत से अंतर है जिनके बारे में हम लोग यहा पर जानने वाले हैं। 

1. बनावट।

Metro-aur-train-me-kya-antar-hai.

  • मेट्रो में केवल दो तरफ ही सीटें होती है वो भी केवल नीचे। और इसके सभी डिब्बे आपस मे जुड़े होते हैं। इसमें पंखे नही होते है बल्कि AC होते है। 
  • ट्रेन में चारों तरफ ऊपर नीचे सभी जगह सीटे होती है। और ऊपर पंखे ही पंखे होते हैं।
2.चलने का स्थान।
  • मेट्रो हमेशा भीड़ भाड़ वाले स्थानो पर शहर के बीच में चलाई जाती है। ताकि सड़क से भीड़ को कम किया जा सके। मेट्रो अक्सर सड़क के ऊपर ब्रिज से और अंडरग्राउंड के रास्ते आती जाती है।
  • ट्रेन का स्टेशन तो शहर के नजदीक होता है परंतु उसका पूरा रास्ता देहात से होकर जाता है। और नदी पहाड़ को छोड़कर सभी जगह लगभग जमीन के लेवल पर ही चलती है।
3.तय की जाने वाली दूरी।
  • मेट्रो एक या दो शहर तक सीमित होती है। अर्थात कम दूरी तक चलती हैं।
  • जबकि ट्रेन पूरे देश में या फिर दो या दो से अधिक देशों के बीच कितनी चलती है। अर्थात बहुत अधिक दूरी तय करती हैं।
4.रफ्तार। Speed .
  • मेट्रो की स्पीड नॉर्मल ट्रेन की अपेक्षा बहुत कम होती है।
  • ट्रेन की गति मेट्रो के मुकाबले बहुत अधिक होती है।
5.टिकट।
  • मेट्रो में सफर करने के लिए टिकट के स्थान पर टोकन चलते हैं जिन्हे आप स्टेशन ही पैसे देकर प्राप्त कर सकते हैं 
  • ट्रेन में सफर करने के लिए आप टिकट घर से भी बुक कर सकते है या स्टेशन से भी ले सकते हैं।
6.लंबाई।
  • मेट्रो रेल की लंबाई नॉर्मल ट्रेन की अपेक्षा बहुत छोटी होती है।
  • ट्रेन मेट्रो के मुकाबले बहुत ज्यादा लंबा होता है।
7.स्टेशन।
  • मेट्रो का स्टेशन प्रत्येक 1km की दूरी पर होता है।
  • ट्रेन का स्टेशन दूसरे स्टेशन से कम से कम 8 KM की दूरी पर होता है।
8.पटरी।
Metro-track-vs-train-track.
  • मेट्रो की पूरी पटरी कांक्रीट में ढली होती हैं।
  • ट्रेन की पटरी को अलग से पत्थरों के ऊपर बिछाई जाती हैं और इसे दूसरे ट्रैक से भी जोड़ा जा सकता है।
9.चलने का समय।
  • मेट्रो रेल हर स्टेशन पर 5 मिनट के अंतराल पर आती रहती हैं।
  • ट्रेन का टाइम और डेट पहले से ही फिक्स होता है।
10.किराया।
  • मेट्रो का किराया प्रति किलो मीटर के हिसाब से ट्रेन और ऑटो से अधिक होता है।
  • ट्रेन का किराया ऑटो और मेट्रो की अपेक्षा बहुत सस्ता होता है। 
11.इंजन।
  • मेट्रो का इंजन केवल इलेक्ट्रिक ही होता है। और मेट्रो दोनो दिशाओं में चल सकती है।
  • ट्रेन का इंजन इलेक्ट्रिक और डीजल दोनों प्रकार का होता है।
12.यात्री।
  • मेट्रो में यात्री अक्सर एक ही शहर के बीच इधर उधर जाने वाले होते हैं।
  • ट्रेन में यात्री एक शहर से दूसरे शहर में, या एक राज्य से दूसरे राज्य में, या फिर एक देश से दूसरे देश में जाने वाले होते हैं।
13. सुविधाएं।
  • मेट्रो मैं यात्रियों को केवल बैठने और खड़े रहने का ही स्थान मिलता है। खाने पीने और सोने की कोई व्यवस्था नहीं होती है।
  • ट्रेन में यात्रियों को बैठने, खड़े होने, सोने, खाने, पीने और टॉयलेट जाने की व्यवस्था होती है।
14.शोर। Noise.
  • मेट्रो के चलन पर बहुत कम शोर होता है।
  • ट्रेन मेट्रो की अपेक्षा बहुत अधिक शोर करता है।
15.दरवाजे और खिड़कियां।
  • मेट्रो दरवाजे स्वचालित होते है स्टेशन आने अपने आप खुल जाते हैं और चलने से पहले ही बंद हो जाते हैं। और मेट्रो नॉर्मल खिड़कियां नही होती हैं बल्कि खिड़कियों के जगह पर बड़े बड़े पारदर्शी शीशे लगे होते हैं। ये खुलते और बंद नही होते है। फिक्स होते है।
  • ट्रेन में खिड़की और दरवाजे अपने घरों के जैसे ही होते है। सभी हस्त चलित होते है और बहुत भारी व मजबूत भी होते है ।
16. सुरक्षा।
  • मेट्रो में बहुत अधिक सुरक्षा होती है। हर एक व्यक्ति को मेटल डिटेक्टर से और समान को एक्स रे मशीन से चेक किया जाता है। 
  • ट्रेन में मेट्रो की अपेक्षा कम सुरक्षा होती है लोगो के समान बैग बच्चे आदि भी चोरी हो जाते हैं। कई बार लोग दरवाजे से गिर कर भी मर जाते हैं।
मेरे ख्याल से हम लोगो ने मेट्रो और नॉर्मल ट्रेन के बीच सभी अंतर को जान लिया है। यदि आप मेट्रो या ट्रेन के बारे मे और कुछ जानना चाहते हैं तो हमे कॉमेंट करके पूछ सकते हैं। 

मोनो रेल और मेट्रो में क्या अंतर है।

मोनो रेल जमीन से ऊपर चलती है जैसे मेट्रो चलता है लेकिन मोनोरेल केवल एक ही रेल पर चलती है। कहने का अर्थ है की इसे चलाने के लिए केवल एक ही रेल पटरी कि आवश्यकता होती हैं। जबकि मेट्रो दो रेल पटरी पर चलती है।

Voltage और Current में क्या अंतर होता है। मौत किससे होती है।

निष्कर्ष। Conclusion!
आज के इस आर्टिकल के माध्यम से हम लोगो ने जाना की मेट्रो क्या है और मेट्रो तथा ट्रेन में क्या अंतर होता है। उम्मीद आपको हमारा यह लेख आपको पसंद आया होगा और इससे आपको कुछ नया जानने व सीखने को मिला होगा।

आपसे निवेदन है कि आप इस लेख को अपने मित्रो के साथ जरूर साझा करें और लोगो को जागरूक करने में अपना योगदान दें।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

Train में RAC टिकट का मतलब क्या होता है। यह कब कन्फर्म होता है। RAC ka full form.

ट्रेन में जनरल डिब्बे की पहचान कैसे करें।ऐसे पहचाने ट्रेन में जनरल डिब्बे को।

एक करोड़ में कितने जीरो होते है। How many zero in 1 crore.

Moj app से पैसे कमाने के 5 सबसे आसान तरीके 2023